लंका मीनार – भाई-बहिन एक साथ नहीं जा सकते इस मीनार के ऊपर !

754.jpg

लेखक: सोनू शर्मा

उत्तर प्रदेश में स्थित  जालौन जिले में लंका मीनार है जो की बहुत प्रसिद्ध है, इस मीनार की सबसे विचित्र बात यह है कि भाई-बहिन एक साथ इस मीनार के ऊपर नहीं जा सकते । इस 210 फीट ऊंची मीनार का निर्माण मथुरा प्रसाद निगम ने 1875 में कराया था, कहा जाता है की मथुरा प्रसाद रामलीला में रावण का किरदार निभाते थे और किरदार निभाते निभाते उन्हें रावण से इतना लगाव हो गया की रावण की याद में उन्होंने लंका मीनार का निर्माण कराया ।

इस मीनार में रावण के पूरे परिवार का चित्र बना हुआ है और इसी कारण इसे लंका मीनार कहा जाता है । इस मीनार को बनाने में लगभघ 20 वर्ष का समय लगा था और यह मीनार उड़द की दाल, शंख और कौड़ियों से बनी हुई है ।

ऐसी मान्यता है कि इस मीनार पर भाई-बहन एक साथ नहीं जा सकते क्योकि इस मीनार की  चढाई में सात परिक्रमाएं करनी होती है और सिर्फ पति-पत्नी ही इस परिक्रमा को कर सकते है  इसलिये भाई-बहन का यहां एक साथ जाना वर्जित है । कुतुबमीनार के बाद लंका मीनार भारत की ऊंची मीनारों में से एक है ।

इस मीनार का निर्माण अजीम नामक कारीगर द्वारा हुआ था और इसके निर्माण में कौड़ी, केसर, शीप, उर्द की दाल, गुड़ और चूने का इस्तेमाल किया गया था । इस मीनार में 100 फीट के कुंभकर्ण तथा 65 फीट के मेघनाथ की प्रतिमाएं है और साथ ही चित्रगुप्त और भगवान शंकर की भी प्रतिमा है ।